एसपी रुद्रप्रयाग ने की डिजिटल पुलिसिंग एवं सीसीटीएनएस सुदृढ़ीकरण की विस्तृत समीक्षा ।

रुद्रप्रयाग | ​आज पुलिस कार्यालय रुद्रप्रयाग में पुलिस अधीक्षक रुद्रप्रयाग नीहारिका तोमर की अध्यक्षता में जनपद के समस्त राजपत्रित अधिकारियों, प्रभारी तकनीकी प्रकोष्ठ, समस्त कोतवाली प्रभारियों के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से समीक्षा बैठक का आयोजन किया गया। इस बैठक का मुख्य उद्देश्य जनपद में सीसीटीएनएस (अपराध एवं अपराधी ट्रैकिंग नेटवर्क एवं प्रणाली) और भारत सरकार तथा उत्तराखण्ड पुलिस द्वारा संचालित विभिन्न डिजिटल पोर्टल्स की कार्य प्रगति की गहन समीक्षा करना तथा डिजिटल पुलिसिंग को अधिक पारदर्शी, त्वरित और प्रभावी बनाना था। बैठक के दौरान पुलिस अधीक्षक द्वारा पूर्व निर्धारित एजेंडा बिंदुओं के साथ-साथ तकनीकी संचालन और नागरिक सेवाओं से जुड़े अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए गए। ​समीक्षा बैठक के दौरान थानों में दर्ज होने वाली सभी प्रथम सूचना रिपोर्ट (एफआईआर), ड्राफ्ट चार्जशीट तथा अंतिम रूप से तैयार होने वाली चार्जशीट पर अनिवार्य रूप से डिजिटल ‘ई-साइन’ प्रक्रिया समयबद्ध तरीके से पूर्ण करने के कड़े निर्देश दिए गए ताकि विधिक दस्तावेजों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके। इसके साथ ही, थानों के मालखानों के शत-प्रतिशत डिजिटलाइजेशन हेतु चलाए जा रहे ‘सिक्योर मालखाना’ प्रोजेक्ट की प्रगति जांची गई। उपस्थित पुलिस उपाधीक्षकों को निर्देशित किया कि 15 दिवस के अन्दर मालों का विवरण इस प्रोजेक्ट के अन्तर्गत फीड होने सहित भौतिक रूप से उपलब्धता का निरीक्षण करने के निर्देश दिए गए। डिजिटल बीट प्रणाली (ई-बीट बुक), न्यायालयों से प्राप्त समनों की तामीली हेतु ‘ई-समन’, इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों के संकलन के लिए ‘ई-साक्ष्य’ और मेडिकोलीगल मामलों के ऑनलाइन इंद्राज को अनिवार्य रूप से अद्यतन करने के निर्देश दिए गए। ​बैठक में अंतर-संचालनीय आपराधिक न्याय प्रणाली (आईसीजेएस) के प्रभावी उपयोग, क्रिटिकल क्राइम मैपिंग के लिए क्री-मैक पोर्टल तथा यौन अपराधियों की ट्रैकिंग हेतु आईटीएसएसओ पोर्टल पर डेटा प्रविष्टि की गुणवत्ता की भी गहन समीक्षा की गई। सड़क दुर्घटनाओं के वैज्ञानिक विश्लेषण हेतु संचालित आई-रेड एवं ई-डार पोर्टल के साथ सीसीटीएनएस एफआईआर लिंकेज की वर्तमान स्थिति का आकलन किया गया, और विवेचना से संबंधित सभी 24 एकीकृत अन्वेषण प्रपत्रों (आईआईएफ-1 से आईआईएफ-24) को पोर्टल पर बिना किसी त्रुटि के निर्धारित समय सीमा के भीतर अपलोड करने हेतु निर्देशित किया गया । ​पुलिस अधीक्षक ने सीसीटीएनएस के माध्यम से आम जनता को दी जाने वाली ऑनलाइन सेवाओं, जैसे चरित्र सत्यापन, किरायेदार व घरेलू नौकर सत्यापन और खोई हुई वस्तुओं की रिपोर्ट आदि की पेंडेंसी को तत्काल शून्य करने पर विशेष जोर दिया। लाइव डैशबोर्ड का अवलोकन करते हुए उन्होंने स्पष्ट किया कि डेटा फीडिंग में किसी भी प्रकार की शिथिलता या अशुद्धता न रखी जाए । ​बैठक के अंत में पुलिस अधीक्षक रुद्रप्रयाग द्वारा ने निर्देशित किया गया कि समस्त कोतवाली प्रभारी स्वयं इन पोर्टल्स पर हो रहे कार्यों की दैनिक समीक्षा करेंगे । तकनीकी प्रभाग प्रभारी को निर्देशित किया गया कि वे एजेंडा बिंदुओं के अनुरूप सभी कोतवाली की अद्यतन प्रगति रिपोर्ट संकलित कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए ।

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