पौड़ी | आरती बेलवाल निवासी-जौनपुर कोटद्वार द्वारा कोतवाली कोटद्वार में एक शिकायती प्रार्थना पत्र दिया गया जिसमें उनके द्वारा अंकित किया गया कि एक मोबाइल नंबर 95XXXXX63 से मुझे व्हाट्सऐप कॉल आया जिसमें कॉलर द्वारा मेरे बच्चे और मेरे पति को जान से मार देने की धमकी दी। कॉलर द्वारा लगातार कई दिनों तक कॉल करके मुझे डराया धमकाया गया और मुझसे पैसे की मांग की। जिससे मैं बहुत डर गई और मैंने अपने घर में रखी जैलरी को बेचकर व इधर-उधर से पैसो की व्यवस्था कर अज्ञात कॉलर को यूपीआई व खाते में ट्रंसफर के माध्यम में कुल 06 लाख 90 हजार रूपये की धनराशि दे दी। इस संबंध में कोतवाली कोटद्वार पर मु0अ0सं0- 50/2025 धारा 308(5),61(2) बीएनएस के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया।
प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक पौड़ी सर्वेश पंवार द्वारा आमजन को डरा-धमकाकर की जा रही साइबर धोखाधड़ी की घटनाओं को गंभीरता से लेते हुए तत्काल कार्रवाई कर अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु निर्देशित किया गया । जिसके क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक कोटद्वार मनोज कुमार ठाकुर एवं क्षेत्राधिकारी कोटद्वार निहारिका सेमवाल के पर्यवेक्षण में प्रभारी निरीक्षक कोतवाली कोटद्वार के नेतृत्व में एक विशेष पुलिस टीम का गठन किया गया। गठित पुलिस टीम द्वारा मामले की गंभीरता को दृष्टिगत रखते हुए कुशल सुरागसी-पतारसी, बैंक खातों की तकनीकी जांच तथा अन्य आवश्यक विवेचनात्मक कार्यवाही शुरू की गई। जांच के दौरान यह तथ्य प्रकाश में आया कि उक्त घटना को एक संगठित साइबर गैंग द्वारा अंजाम दिया गया है। जांच के क्रम में मुख्य अभियुक्त साजिद खान, निवासी चंपारण, बिहार की पहचान की गई, जिसकी गिरफ्तारी हेतु वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक पौड़ी द्वारा ₹10,000/- का ईनाम घोषित किया गया था। जिसे पुलिस टीम द्वारा निरंतर प्रयास, तकनीकी विश्लेषण एवं संकलित की गई जानकारी के आधार पर मुख्य अभियुक्त को गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है।
मुख्य अभियुक्त से पूछताछ के दौरान इस धोखाधड़ी प्रकरण में उसके एक अन्य साथी आसिफ इमाम की संलिप्तता के संबंध में महत्वपूर्ण जानकारी प्राप्त हुई। उक्त जानकारी के आधार पर पुलिस टीम द्वारा पुनः आवश्यक साक्ष्यों का संकलन, संबंधित बैंक खातों में हुए लेन-देन की गहन जांच तथा तकनीकी विश्लेषण किया गया, जिससे अभियुक्त आसिफ इमाम की भूमिका की पुष्टि हुई। पूछताछ में यह भी तथ्य प्रकाश में आया कि अभियुक्त आसिफ इमाम इस अवैध साइबर गतिविधि में लगभग 10 प्रतिशत कमीशन के आधार पर कार्य करता था। अभियुक्त की संलिप्तता की पुष्टि होने के पश्चात उसकी शीघ्र गिरफ्तारी सुनिश्चित करने के लिए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक पौड़ी द्वारा अभियुक्त आसिफ इमाम की गिरफ्तारी पर ₹2,500/- का ईनाम घोषित किया गया। इसके पश्चात पुलिस टीम द्वारा निरंतर प्रयास करते हुए, आवश्यक साक्ष्यों का संकलन एवं संभावित ठिकानों की जानकारी प्राप्त कर अभियुक्त की तलाश की गई। लगातार प्रयासों, कुशल सुरागसी-पतारसी तथा एकत्रित की गई विशेष जानकारी के आधार पर पुलिस टीम द्वारा अभियुक्त आसिफ इमाम को बिहार से गिरफ्तार किया गया है। गिरफ्तार अभियुक्त को माननीय न्यायालय के समक्ष पेश कर अग्रिम वैधानिक कार्यवाही की जा रही है।
*पंजीकृत अभियोग*
मु0अ0सं0- 50/2025 धारा 308(5),61(2) बीएनएस
*नाम पता अभियुक्त*
आसिफ इमाम पुत्र हसीमुद्दीन, (उम्र -22 वर्ष) निवासी- कुर्सीबखा, थाना-सिमटा, जिला-पश्चिमी चंपारण, बिहार।
















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