रुद्रप्रयाग | जनपद के सुप्रसिद्ध गुलाबराय मैदान में आयोजित “रुद्रनाथ महोत्सव” इन दिनों अपनी पूरी चमक बिखेर रहा है। जहां एक ओर श्रद्धालु और स्थानीय जनता सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आनंद ले रहे हैं, वहीं दूसरी ओर रुद्रप्रयाग पुलिस इस अवसर का उपयोग जन-जागरुकता के लिए कर रही है । एसपी रुद्रप्रयाग के निर्देशन में पुलिस उपाधीक्षक रुद्रप्रयाग व प्रभारी निरीक्षक कोतवाली रुद्रप्रयाग के नेतृत्व में एक विशेष जागरुकता स्टॉल स्थापित किया गया है, जिसके माध्यम से आने वाले आगन्तुकों को साइबर अपराधों से बचने के गुर सिखाए जा रहे हैं । वर्तमान में डिजिटल लेन-देन के बढ़ते चलन के साथ साइबर ठगी के मामलों में भी वृद्धि हुई है। इसी को देखते हुए, पुलिस अधीक्षक रुद्रप्रयाग के निर्देशन में कोतवाली पुलिस द्वारा मेले में आने वाली जनता, विशेषकर महिलाओं, बुजुर्गों और युवाओं को साइबर सुरक्षा के प्रति शिक्षित किया जा रहा है ।
स्टॉल के मुख्य आकर्षण और दी जा रही जानकारियां:
पुलिस टीम द्वारा स्टॉल पर आने वाले लोगों को निम्नलिखित महत्वपूर्ण बिंदुओं के बारे में जागरुक किया जा रहा है:
• वित्तीय धोखाधड़ी से बचाव: अनजान व्यक्ति को ओटीपी (OTP), सीवीवी (CVV) या बैंक विवरण साझा न करने की सख्त हिदायत दी जा रही है।
• सोशल मीडिया सुरक्षा: फेसबुक, इंस्टाग्राम और व्हाट्सएप पर अपनी निजी जानकारी सुरक्षित रखने और ‘हनी ट्रैप’ जैसे खतरों से बचने के तरीके बताए जा रहे हैं।
• अनजान लिंक्स: लॉटरी लगने या केवाईसी (KYC) अपडेट करने के नाम पर आने वाले फर्जी संदेशों और लिंक्स से सावधान रहने की अपील की जा रही है।
• त्वरित सहायता (1930): किसी भी प्रकार की साइबर धोखाधड़ी होने पर तत्काल ‘1930’ हेल्पलाइन नंबर डायल करने या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया समझाई जा रही है।
• पुलिस और जनता के बीच बढ़ता समन्वय
पुलिस कर्मियों द्वारा न केवल पंपलेट्स बांटे जा रहे हैं, बल्कि लोगों की साइबर सुरक्षा से जुड़ी शंकाओं का मौके पर ही समाधान भी किया जा रहा है। स्थानीय जनता और मेलार्थियों ने पुलिस की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि मनोरंजन के साथ-साथ यह जानकारी उनके दैनिक जीवन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है ।















Leave a Reply